May 6, 2026 7:42 PM
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के नतीजों के बाद राज्य की सियासत में उबाल थमने का नाम नहीं ले रहा है... एक ओर जहां भारतीय जनता पार्टी स्पष्ट बहुमत के साथ सरकार बनाने की तैयारी में है… वहीं दूसरी ओर मौजूदा मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने हार मानने से इनकार कर दिया है। उन्होंने साफ कह दिया है कि वो इस्तीफा नहीं देंगी… और यही बयान अब एक बड़े संवैधानिक सवाल को जन्म दे रहा है... अगर मुख्यमंत्री इस्तीफा न दें, तो आगे क्या होता है? क्योंकि उन्होंने दो टूक कहा कि "मैं इस्तीफा क्यों दूं? हम हारे नहीं हैं। ये नतीजे सच्चाई नहीं बताते। जब जनादेश ही संदिग्ध है, तो इस्तीफे का सवाल ही नहीं उठता।" ममता बनर्जी के इस रुख के बाद अब नजरें संविधान और राज्यपाल की भूमिका पर टिक गई हैं। क्योंकि लोकतंत्र में सरकार सिर्फ चुनाव जीतने से नहीं, बल्कि सदन में बहुमत साबित करने से चलती है। लिहाजा... सबसे पहले बात करते हैं संविधान के अनुच्छेद 164 की… जिसके मुताबिक मुख्यमंत्री अपने पद पर तब तक बने रह सकते हैं, जब तक उन्हें विधानसभा में बहुमत का समर्थन हासिल हो। यानी कुर्सी का असली आधार ‘नंबर गेम’ है।#MamataBanerjee #BengalElection2026 #WestBengalPolitics #BJPvsTMC #IndianPolitics #ConstitutionOfIndia #FloorTest #BengalPolitics