नवरात्र विशेष : भगवती को अति प्रिय ये लाल फल, सेहत के लिए वरदान से कम नहीं

IANS | March 18, 2026 1:34 PM

नई दिल्ली, 18 मार्च (आईएएनएस)। चैत्र नवरात्र का पावन पर्व 19 मार्च से शुरू हो चुका है। इस दौरान भक्त मां दुर्गा की आराधना में विभिन्न फूल, फल और मिठाइयां चढ़ाते हैं, लेकिन शास्त्रों और धार्मिक मान्यताओं के अनुसार माता रानी को लाल-लाल दानों वाला फल दादिमा अत्यंत प्रिय है।

नवरात्र विशेष : इस 'तुलसी' के चढ़ाने से नाराज नहीं अति प्रसन्न होती हैं भगवती, औषधीय गुणों से भरपूर

IANS | March 18, 2026 11:15 AM

नई दिल्ली, 18 मार्च (आईएएनएस)। भगवती की आराधना का पर्व चैत्र नवरात्र 19 मार्च से शुरू हो रहा है। इस दौरान मां दुर्गा की आराधना में कई फूल और पत्तियां चढ़ाई जाती हैं। वैसे तो देवी की पूजा में तुलसी वर्जित है लेकिन एक विशेष तुलसी का पौधा है, जो भगवती को अति प्रिय है। यह है दौना जिसे दवना, मरुआ या वन तुलसी भी कहते हैं।

देवी की आराधना का पर्व चैत्र नवरात्र प्रारंभ, नोट कर लें घटस्थापना का मुहूर्त

IANS | March 18, 2026 8:52 AM

नई दिल्ली, 18 मार्च (आईएएनएस)। आदिशक्ति की आराधना का पर्व नवरात्र गुरुवार से प्रारंभ हो रहा है। चैत्र मास की शुक्ल पक्ष प्रतिपदा से नौ दिनों तक मां दुर्गा की आराधना का यह विशेष अवसर है। इस बार चैत्र नवरात्र गुरुवार, 19 मार्च से प्रारंभ हो रहे हैं। नवरात्र के पहले दिन घटस्थापना का विशेष महत्व होता है, जिसमें कलश स्थापित कर भगवती की पूजा की जाती है।

नवरात्रि विशेष: आदिशक्ति का दिव्य धाम, जहां माता सती का गिरा था शीश, 'अन्न की देवी' के रूप में विराजती हैं माता

IANS | March 17, 2026 11:33 PM

सहारनपुर, 17 मार्च (आईएएनएस)। नौ दिनों तक चलने वाली देवी आराधना का पर्व नवरात्रि 19 मार्च से शुरू हो रहा है। इस दौरान देशभर में श्रद्धालु मां के विभिन्न रूपों की पूजा करते हैं। देश-दुनिया में माता के तमाम मंदिर हैं, जो भक्ति-शक्ति के साथ अद्भुत कथा को कहते हैं। एक ऐसा ही दिव्य धाम उत्तर प्रदेश के सहारनपुर जिले में स्थित है, जो 51 शक्तिपीठों में से एक है।

18 मार्च को दर्श अमावस्या, विजय मुहूर्त के साथ नोट कर लें अमृतकाल, पूरे दिन पंचक रहेगा प्रभावी

IANS | March 17, 2026 8:41 AM

नई दिल्ली, 17 मार्च (आईएएनएस)। हिंदू पंचांग के अनुसार 18 मार्च को दर्श अमावस्या पड़ रही है। हर महीने की अमावस्या को दर्श अमावस्या कहा जाता है। 'दर्श' का अर्थ 'देखना' या 'दर्शन करना' होता है, जबकि अमावस्या वह तिथि है जब चंद्रमा बिल्कुल दिखाई नहीं देता। इसलिए इसे दर्श अमावस्या कहते हैं।

नवरात्रि विशेष: शिवनगरी काशी का शक्तिपीठ, जहां गिरे थे माता सती के ‘कर्णफूल’, गर्भगृह में हैं चल-अचल दो प्रतिमाएं

IANS | March 16, 2026 11:12 PM

वाराणसी, 16 मार्च (आईएएनएस)। आदि शक्ति की आराधना को समर्पित पर्व चैत्र नवरात्रि 19 मार्च से प्रारंभ हो रहा है। देश-दुनिया में माता के कई दिव्य धाम हैं, जहां वह कई रूप में निवास करती हैं। ऐसा ही एक दिव्य धाम देवाधिदेव महादेव की नगरी काशी में स्थित है, जो 51 शक्तिपीठों में से एक है। पौराणिक मान्यता है कि काशी में भगवती सती का कर्णकुंडल गिरा था।

रंकिणी देवी मंदिर : झारखंड का प्रसिद्ध सिद्धपीठ, नवरात्रि में उमड़ता है श्रद्धालुओं का सैलाब

IANS | March 16, 2026 9:18 PM

जमशेदपुर, 16 मार्च (आईएएनएस)। हिंदू धर्म में चैत्र नवरात्रि का विशेष महत्व है। इस दौरान देश के सभी देवी मंदिरों में अलग धूम रहती है। हर साल इस त्योहार की शुरुआत चैत्र मास के शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि से होती है, जो इस साल गुरुवार, 19 मार्च से शुरू हो रही है और 27 मार्च तक चलेगी।

17 मार्च का पंचांग: मंगलवार को मासिक शिवरात्रि, अमृतकाल रात में, नोट कर लें भद्रा का समय

IANS | March 16, 2026 8:49 AM

नई दिल्ली, 16 मार्च (आईएएनएस)। सनातन धर्म में पंचांंग का विचार करने के बाद ही शुभ-अशुभ समय का निर्धारण होता है। मंगलवार, 17 मार्च को देवाधिदेव महादेव और माता पार्वती की आराधना को समर्पित मासिक शिवरात्रि है। यह दिन महादेव की पूजा-उपासना के लिए बेहद खास माना जाता है।

चैत्र नवरात्रि: राजस्थान का वह मंदिर, जहां राक्षस को माता से पहले लगाया जाता है भोग, ओखली की भी है अद्भुत कहानी

IANS | March 15, 2026 3:05 PM

नई दिल्ली, 15 मार्च (आईएएनएस)। चैत्र नवरात्रि के आगमन के साथ ही देवी मंदिरों में रौनक बढ़ जाती है। देशभर के देवी मंदिरों में सजावट का काम शुरू हो गया है और कुछ खास जगहों पर मेले की तैयारी चल रही है। ऐसा ही एक मंदिर राजस्थान में मौजूद है, जहां मां आज भी एक अहंकारी राक्षस को शांत कर रही हैं और भोग भी मां से पहले राक्षस को लगता है। हम बात कर रहे हैं राजस्थान के पाली में स्थित मां शीतला माता मंदिर की, जो चर्म रोगों से मुक्ति के लिए प्रसिद्ध है।

फूलदेई: राजकुमारी फ्योंली की मार्मिक कहानी से जुड़ा है वसंत का प्रतीक 'बाल लोक पर्व'

IANS | March 15, 2026 11:59 AM

नई दिल्ली, 15 मार्च (आईएएनएस)। हिंदू कलेंडर के अनुसार चैत्र माह की शुरुआत को ही वसंत ऋतु का आगमन हो रहा है, जिसे नए साल की शुरुआत और प्रकृति से जोड़ा जाता है।