जब धोतियों की रस्सी बनाकर जेल की 17 फीट ऊंची दीवार लांघ गए थे लोकनायक जयप्रकाश नारायण
रांची, 11 अक्टूबर (आईएएनएस)। जेल की 17 फीट ऊंची दीवार लांघने के बाद बीहड़ जंगल में घंटों लगातार पैदल चलते हुए उनके पैरों में छाले पड़ गए थे। जोरदार भूख लगी थी। ऊपर से कड़ाके की सर्दी थी। तब वे छह लोग जंगल में एक जगह आग जलाकर सुस्ताने बैठे थे, लेकिन उन्हें पता नहीं था कि फौज की दो कंपनियां उनकी तलाश में जुटी हैं। ऑल इंडिया रेडियो पर सरकार की ओर से सूचना प्रसारित हो रही थी कि उन्हें जिंदा या मुर्दा पकड़ने के लिए सूचना देने वाले को दस हजार रुपए का इनाम दिया जाएगा। यह कहानी जिन क्रांतिकारियों की है, उसके सबसे बड़े नायक का नाम है- भारत रत्न लोकनायक जयप्रकाश नारायण।