जंगल का नायक जिम कॉर्बेट : जिन्होंने बचाई सैकड़ों जानें, फिर शुरू की टाइगर संरक्षण की पहल
नई दिल्ली, 24 जुलाई (आईएएनएस)। 'चंपावत की आदमखोर बाघिन' हो या फिर 'रुद्रप्रयाग का खूंखार तेंदुआ', अपने समय में वे दोनों उत्तराखंड के लिए आतंक का पर्याय थे। इनके खौफ ने लोगों को इस कदर जकड़ रखा था कि इनके आने की आहट मात्र से लोग अपने घरों में दुबक जाते थे। इन आदमखोरों ने सैकड़ों लोगों की जान ली, लेकिन इस दहशत को खत्म करने का जिम्मा लिया एडवर्ड जेम्स कॉर्बेट ने। कॉर्बेट ने कुमाऊं और गढ़वाल क्षेत्रों में अपनी अद्भुत बहादुरी, जंगल के गहरे ज्ञान और ट्रैकिंग कौशल के दम पर इन खतरनाक जानवरों का पीछा किया और उनके आतंक का अंत किया।