रोजाना भर पेट चावल खाने के बाद भी वजन रहे नियंत्रित, जानें क्या है तरीका
नई दिल्ली, 8 जनवरी (आईएएनएस)। भारत में चावल संस्कृति और रोजमर्रा की जिंदगी का अहम हिस्सा है। सुबह की खिचड़ी हो या दोपहर का सादा भात, चावल हर उम्र के लोगों के खाने में शामिल रहता है। लेकिन, जैसे ही वजन बढ़ने की बात आती है, सबसे पहले लोग चावल को ही थाली से हटाते हैं। आयुर्वेद में चावल को सात्विक आहार माना गया है। यह शरीर को ऊर्जा देने का काम करता है और मन को शांत रखता है।