बसंत पंचमी पर मां सरस्वती और ब्रह्मा का संयुक्त आशीर्वाद लेने आते हैं भक्त, अनोखी है इस मंदिर की प्रतिमा

IANS | January 22, 2026 8:18 PM

नई दिल्ली, 22 जनवरी (आईएएनएस)। राजस्थान के पुष्कर में बने श्री ब्रह्मा सरस्वती मंदिर के बारे में सभी जानते हैं, जहां ज्ञान, बुद्धि और संगीत की देवी मां सरस्वती की पूजा ब्रह्मा के साथ की जाती है। वहीं, तेलंगाना में भी मां सरस्वती और ब्रह्मा का अद्भुत मंदिर मौजूद है, जहां बसंत पंचमी के लिए विशेष अनुष्ठान और पूजा-यज्ञ का आयोजन किया जाता है।

बसंत पंचमी: बुद्धि-विद्या की देवी माता सरस्वती की आराधना का दिन, यहां देखें शुभ मुहूर्त

IANS | January 22, 2026 8:41 AM

नई दिल्ली, 22 जनवरी (आईएएनएस)। बसंत पंचमी हिंदू कैलेंडर में एक महत्वपूर्ण पर्व है, जो माघ मास के शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि को मनाया जाता है। यह दिन ज्ञान, संगीत, कला और विद्या की देवी माता सरस्वती को समर्पित है। बसंत ऋतु के आगमन का प्रतीक होने के साथ ही यह श्री पंचमी या सरस्वती पूजा के नाम से भी जाना जाता है। इस दिन श्रद्धालु अज्ञानता, आलस्य और सुस्ती से मुक्ति पाने के लिए मां सरस्वती की उपासना करते हैं।

गुप्त नवरात्रि: जगत की अधिष्ठात्री देवी भुवनेश्वरी का मंदिर, दर्शन मात्र से कटते हैं पाप, सुख-समृद्धि का मिलता है आशीर्वाद

IANS | January 21, 2026 10:41 PM

जमशेदपुर, 21 जनवरी (आईएएनएस)। भगवती को समर्पित गुप्त नवरात्रि का पर्व चल रहा है। गुप्त नवरात्रि का गुरुवार को चौथा दिन है। इस दिन मां भुवनेश्वरी की विशेष पूजा-अर्चना की जाती है। 'भारत की स्टील सिटी' के रूप में मशहूर जमशेदपुर में माता का भव्य मंदिर है, जो न केवल भव्य है बल्कि मान्यता है कि यहां दर्शन मात्र से सभी मनोकामनाएं पूरी होती हैं।

बसंत पंचमी पर शृंगेरी शारदा पीठम में होता है 'अक्षराभ्यास,' ज्ञान की देवी बच्चों को देती हैं विशेष आशीर्वाद

IANS | January 21, 2026 10:11 PM

नई दिल्ली, 21 जनवरी (आईएएनएस)। देशभर में ज्ञान की देवी मां सरस्वती को समर्पित दिन बसंत पंचमी का त्योहार 23 जनवरी को मनाया जाएगा। इस दिन विद्यालयों से लेकर मंदिरों तक में विशेष पूजा-पाठ और सांस्कृतिक आयोजन होते हैं।

गौरीगणेश चतुर्थी : विघ्नहर्ता को प्रसन्न करने का उत्तम दिन, नोट कर लें शुभ मुहूर्त

IANS | January 21, 2026 8:23 AM

नई दिल्ली, 21 जनवरी (आईएएनएस)। माघ मास की शुक्ल पक्ष चतुर्थी तिथि गुरुवार को पड़ रही है, जिसे गौरीगणेश चतुर्थी के नाम से जाना जाता है। यह दिन भगवान गणेश के गौरीगणेश स्वरूप की आराधना के लिए अत्यंत शुभ माना जाता है। हिंदू धर्म में गणेश जी को विघ्नहर्ता और प्रथम पूज्य देवता के रूप में पूजा जाता है।

पीएम मोदी के तमिलनाडु दौरे से पहले करीमंगलम वराही अम्मन मंदिर में विशेष प्रार्थना सभा आयोजित

IANS | January 20, 2026 10:46 PM

चेन्नई, 20 जनवरी (आईएएनएस)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 23 जनवरी को प्रस्तावित तमिलनाडु दौरे से पहले राज्य में राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं।

गुप्त नवरात्रि : 900 साल से भी पुराना तंत्र, मंत्र और यंत्र की अधिष्ठात्री त्रिपुर सुंदरी का मंदिर, 51 शक्तिपीठों में एक

IANS | January 20, 2026 9:39 PM

जयपुर, 20 जनवरी (आईएएनएस)। शक्ति और दस महाविद्याओं की आराधना को समर्पित गुप्त नवरात्रि का तीसरा दिन बुधवार को है। इस दिन मां त्रिपुर सुंदरी की विशेष आराधना और पूजन का विधान है। हिंदू धर्म में गुप्त नवरात्रि को तांत्रिक और गुप्त साधना का समय माना जाता है, जिसमें देवी के विभिन्न रूपों की उपासना की जाती है।

मृणालिनी साराभाई: भारत की प्रसिद्ध शास्त्रीय नृत्यांगना, जिनके नृत्य की हर मुद्रा कहती थी एक कहानी

IANS | January 20, 2026 8:28 PM

नई दिल्ली, 20 जनवरी (आईएएनएस)। 21 जनवरी सिर्फ एक तारीख नहीं है, क्योंकि इसी दिन साल 2016 में भारतीय कला जगत को गहरा सदमा लगा था। इसी दिन 97 वर्ष की उम्र में महान नृत्यांगना और कोरियोग्राफर मृणालिनी साराभाई का निधन हो गया था, लेकिन उनके जीवन और कलात्मक योगदान की गूंज आज भी हर नृत्यप्रेमी के दिल में जीवित है। मृणालिनी साराभाई सिर्फ एक कलाकार नहीं थीं, वह नृत्य और कला की जीवन्त आत्मा थीं, जिनके हर अंग में नृत्य बसा था। उनका कहना था, "डांस मेरी सांस है, मेरा राग।"

बसंत पंचमी से बैद्यनाथ मंदिर में अनूठी परंपरा का आयोजन, महादेव को बारात लाने का न्योता

IANS | January 19, 2026 8:14 PM

नई दिल्ली, 19 जनवरी (आईएएनएस)। पूरे देश में 23 जनवरी को बसंत पंचमी पर ज्ञान की देवी मां सरस्वती को पूजने का त्योहार मनाया जाता है।

बसंत पंचमी पर मूकजनों की देवी मां मूकाम्बिका देती हैं ज्ञान का आशीर्वाद, भय से भी मिलता है छुटकारा

IANS | January 19, 2026 8:05 PM

नई दिल्ली, 19 जनवरी (आईएएनएस)। दक्षिण भारत में ज्ञान की देवी मां सरस्वती को समर्पित सबसे ज्यादा पवित्र तीर्थ स्थल मौजूद हैं। ऐसे में यह कहना गलत नहीं होगा कि ज्ञान का पहला सोता दक्षिण भारत के अलग-अलग राज्यों से ही बहा होगा।