शहंशाह-ए-गजल : बंटवारे का दर्द, मैकेनिक की नौकरी और रियाज का जुनून, ऐसी थी मेहदी हसन की संघर्ष भरी कहानी
मुंबई, 17 जुलाई (आईएएनएस)। गजल की दुनिया में शहंशाह-ए-गजल कहलाने वाले मेहदी हसन ने अपनी आवाज से करोड़ों लोगों को दीवाना बनाया। उन्होंने हौसले और मेहनत के दम पर कामयाबी हासिल की। एक वक्त ऐसा था, जब वह परिवार का पेट पालने के लिए साइकिल की दुकान पर काम किया करते थे। इन मुश्किल हालातों में भी उन्होंने संगीत से अपना रिश्ता कभी खत्म नहीं होने दिया और आखिरकार गजल की दुनिया के सबसे बड़े नामों में शामिल हो गए।