पुण्यतिथि विशेष: 'कविता के नए प्रतिमान' गढ़ने वाले रचनाकार, 'वाद विवाद और संवाद' से रहा नाता
नई दिल्ली, 18 फरवरी (आईएएनएस)। हिंदी साहित्य जगत में ऐसे कई कलमकार हुए, जिनके एक-एक शब्द अर्थ से भरे पड़े हैं। ऐसे ही आलोचक, विचारक थे डॉ. नामवर सिंह, जिन्होंने न केवल 'कविता के नए प्रतिमान' गढ़े, बल्कि हिंदी साहित्य के विद्यार्थियों, लेखकों और पाठकों के मानस पर छाप छोड़ने में सफल रहे।