पुण्यतिथि विशेष : हिंदी साहित्य के महाप्राण सूर्यकांत त्रिपाठी निराला, संघर्षों से तपकर बने छायावाद के अमर शिखर पुरुष
नई दिल्ली, 14 अक्टूबर (आईएएनएस)। हिंदी साहित्य में छायावाद के चार प्रमुख स्तंभों में से एक महाकवि सूर्यकांत त्रिपाठी 'निराला' की 15 अक्टूबर को पुण्यतिथि है। 21 फरवरी 1899 को जन्मे निराला ने 15 अक्टूबर 1961 को इलाहाबाद के दारागंज में अंतिम सांस ली थी, लेकिन उनकी रचनाएं आज भी हिंदी साहित्य को रोशन कर रही हैं। वे सिर्फ कवि ही नहीं, बल्कि उपन्यासकार, कहानीकार, निबंधकार, आलोचक, अनुवादक, संपादक और बाल साहित्यकार के रूप में भी हिंदी साहित्य के शिखर पुरुष थे।