विदेशी एयरलाइंस में कार्यरत भारतीय पायलटों के लिए भी मजबूत मूल्यांकन जरूरी, कॉकपिट सुरक्षा पर नए सिरे से विचार करने की जरूरत: विमानन विशेषज्ञ
नई दिल्ली, 2 अक्टूबर (आईएएनएस)। विमानन विशेषज्ञ (एविएशन एक्सपर्ट) अरविंद सिंहतिया ने शुक्रवार को कहा कि नागर विमानन महानिदेशालय (डीजीसीए) की सीधी नियामकीय भूमिका उन पायलटों पर लागू नहीं होती जो भारत के बाहर संचालित एयरलाइंस में उड़ान भरते हैं। ऐसे मामलों में संबंधित देश का विमानन नियामक ही उनकी निगरानी और मूल्यांकन करता है। हालांकि उन्होंने कहा कि भारतीय प्रशिक्षण प्राप्त पायलटों के लिए कठोर पृष्ठभूमि जांच, सख्त मूल्यांकन और मजबूत लाइसेंसिंग प्रणाली बेहद जरूरी है।