'बा' और बापू: तकरार, संघर्ष और उस अटूट प्रेम की कहानी, जिसने महात्मा गांधी को सिखाया अहिंसा का पहला पाठ
नई दिल्ली, 10 अप्रैल (आईएएनएस)। महात्मा गांधी के महानायक बनने की यात्रा में अक्सर एक नाम भुला दिया जाता है। जबकि वह शख्सियत महात्मा गांधी की सबसे बड़ी संबल और शक्ति थीं। गांधीजी के जीवन से इतनी गहराई से जुड़ने वाली वे एकमात्र शख्सियत थीं, जिनकी जगह कोई और नहीं ले सकता था। संभवतः वे अकेली ऐसी व्यक्ति थीं जो बापू से असहमति जताने और उन्हें उनकी त्रुटियों का बोध कराने का साहस रखती थीं। हम बात कर रहे हैं महात्मा गांधी की पत्नी और समाज सेविका 'कस्तूरबा गांधी' की, जिन्हें देशवासी 'बा' कहकर पुकारते थे।