समलैंगिक जोड़े की बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका पर न्यायाधीश ने कहा, 'इस अनैतिक चीज़ को वापस लें'
चंडीगढ़, 13 जनवरी (आईएएनएस)। पंजाब और हरियाणा उच्च न्यायालय के एक न्यायाधीश ने समलैंगिक रिश्ते में होने का दावा करने वाली एक महिला द्वारा दायर बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका पर विचार करने से इनकार करते हुए कहा कि वह नहीं मानते कि नैतिकता और संवैधानिकता अलग-अलग हैं।