होली के बाद काशी में मनता है ‘बुढ़वा मंगल’, गीत, गुलाल और खुशियों से सराबोर होती है शिवनगरी
वाराणसी, 15 मार्च (आईएएनएस)। होली की खुमारी अब भी छाई हुई है। शिवनगरी काशी में रंगोत्सव का समापन भी खास अंदाज में होता है। जी हां! बनारसियों ने इसे नाम दिया है ‘बुढ़वा मंगल’! होली के बाद पड़ने वाले पहले मंगलवार को ही काशीवासियों ने ये नाम दिया है। उस दिन काशी में गीत, गुलाल और खुशियों के साथ अनोखा जश्न मनाया जाता है।