कोई लिट्टी-चोखा बेच रहा तो कोई चला रहा ऑटो, जिन्होंने चंद्रयान से लेकर गगनयान तक के बनाए उपकरण
रांची, 28 अगस्त (आईएएनएस)। कारखाने की ड्यूटी के बाद कोई फुटपाथ पर लिट्टी-चोखा का ठेला लगाता है तो कोई लोन पर लिया गया ऑटो चलाता है। किसी ने पार्ट टाइम फूड डिलीवरी ब्वॉय की नौकरी पकड़ ली है तो किसी ने मोमो-बर्गर की स्टॉल लगा ली है।