केरल के खूबसूरत नजारों के बीच 65 एकड़ में फैला अनोखा डेस्टिनेशन, जहां मिलती है 'जटायु' की कहानी

IANS | April 9, 2026 2:11 PM

कोल्लम, 9 अप्रैल (आईएएनएस)। केरल की हरी-भरी वादियों और खूबसूरत नजारों के बीच एक ऐसा अनोखा पर्यटन स्थल है, जहां पौराणिक कथाएं, रोमांच और प्रकृति का सुंदर संगम देखने को मिलता है। यह है जटायु अर्थ सेंटर, जिसे जटायु नेचर पार्क या जटायु रॉक के नाम से भी जाना जाता है।

मासिक कालाष्टमी: कालभैरव की पूजा-अर्चना का विशेष दिन, नोट कर लें शुभ-अशुभ समय

IANS | April 9, 2026 8:33 AM

नई दिल्ली, 9 अप्रैल (आईएएनएस)। सनातन धर्म में पंचांग का विशेष महत्व है। इसके पांच अंगों (नक्षत्र, वार, तिथि, करण और योग) के आधार पर ही दिन की शुरुआत और शुभ-अशुभ समय का निर्धारण किया जाता है। शुक्रवार (10 अप्रैल) को बैशाख मास के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि रहेगी। इस दिन कालभैरव की उपासना का विशेष महत्व है, जिसे मासिक कालाष्टमी भी कहते हैं।

श्रीरामदूत का अद्भुत मंदिर, जहां मोदक खाते, पानी पीते हैं बजरंगबली, कोई नहीं भर सका मुखारविंद

IANS | April 8, 2026 5:55 PM

इटावा, 8 अप्रैल (आईएएनएस)। देश-दुनिया में श्रीराम दूत हनुमान के कई मंदिर हैं, जहां भक्ति की शक्ति के साथ ही उनकी निराली लीला भी देखने को मिलती है। उत्तर प्रदेश के इटावा में बजरंगबली का ऐसा ही मंदिर है, जहां वह मोदक खाते और पानी पीते हैं। मान्यता है कि आज तक उनके मुखारविंद को कोई नहीं भर सका है और मंदिर का यह रहस्य आज तक बना हुआ है।

9 अप्रैल का पंचांग : बैशाख कृष्ण की सप्तमी तिथि, नोट कर लें शुभ- अशुभ समय

IANS | April 8, 2026 9:43 AM

नई दिल्ली, 8 अप्रैल (आईएएनएस)। पंचांग के पांचों अंग ( नक्षत्र, योग, वार, तिथि व करण) के अनुसार ही दिन व शुभ-अशुभ समय का निर्धारण होता है। पंचांग के अनुसार गुरुवार 9 अप्रैल को बैशाख मास के कृष्ण पक्ष की सप्तमी तिथि है।

8 अप्रैल का पंचांग : बैशाख कृष्ण की षष्ठी तिथि, नोट कर लें शुभ मुहूर्त व राहुकाल

IANS | April 7, 2026 8:47 AM

नई दिल्ली, 7 अप्रैल (आईएएनएस)। सनातन धर्म में पंचांग के अनुसार ही हर दिन की शुरुआत, शुभ-अशुभ समय व नए कार्य की शुरुआत के साथ ही पूजा-पाठ के लिए सही मुहूर्त का निर्धारण होता है। 8 अप्रैल बुधवार का पंचांग देखें तो बैशाख मास कृष्ण पक्ष की षष्ठी तिथि है।

काशी के इस प्राचीन मंदिर में विराजती हैं मां महिषासुर मर्दिनी, दिन में तीन बार बदलता है 'स्वप्नेश्वरी' का रुप

IANS | April 6, 2026 11:51 PM

नई दिल्ली, 6 अप्रैल (आईएएनएस)। बाबा विश्वनाथ की नगरी काशी में असंख्य प्राचीन मंदिर हैं। इन मंदिरों की महिमा अनोखी और चमत्कारिक है। काशी में हर कोने में भक्ति और चमत्कार की कहानियां बसी हुई हैं। असंख्य देवी-देवताओं के मंदिर यहां की आस्था को और गहरा बनाते हैं। इन्हीं में से एक प्राचीन और अद्भुत मंदिर है मां महिषासुर मर्दिनी का, इस मंदिर की खासियत यह है कि यहां माता स्वप्नेश्वरी का स्वरूप दिन में तीन बार बदलता है।

तिरुवरप्पु श्री कृष्ण मंदिर: यहां एक दिन में 10 बार लगता है भोग, देर होने पर कमजोर हो जाती है 'रहस्यमयी प्रतिमा'

IANS | April 6, 2026 8:25 PM

नई दिल्ली, 6 अप्रैल (आईएएनएस)। देशभर में कई प्राचीन मंदिर हैं, जहां भगवान श्री कृष्ण अलग-अलग अवतारों में भक्तों के कष्टों को हरते हैं, लेकिन क्या आप जानते हैं कि केरल की धरती पर ऐसा मंदिर मौजूद है, जो साल के 365 दिन दर्शन के लिए खुला रहता है और ग्रहण लगने पर भी मंदिर में पूजा-पाठ बंद नहीं होता। हम बात कर रहे हैं केरल के तिरुवरप्पु श्री कृष्ण मंदिर की।

7 अप्रैल का पंचांग : बैशाख कृष्ण की पंचमी तिथि पर अभिजित व विजय मुहूर्त, जानें शुभ-अशुभ समय

IANS | April 6, 2026 8:38 AM

नई दिल्ली, 6 अप्रैल (आईएएनएस)। सनातन धर्म में पंचांग के पांच अंगों - तिथि, नक्षत्र, योग, करण और वार का विशेष महत्व है। इनके आधार पर ही दिन की शुरुआत और शुभ-अशुभ समय का निर्धारण किया जाता है। 7 अप्रैल मंगलवार को वैशाख मास के कृष्ण पक्ष की पंचमी तिथि है।

काशी का अद्भुत 17वीं शताब्दी का शिवालय, जहां रावण वध के बाद श्रीरामचंद्र ने किए थे महादेव के दर्शन

IANS | April 5, 2026 11:55 PM

वाराणसी, 5 अप्रैल (आईएएनएस)। देवाधिदेव महादेव की नगरी काशी के कण-कण में उनका वास माना जाता है। छोटे-बड़े हर एक मंदिर की अपनी एक दिव्यता और अद्भुत भक्ति में लिपटी मान्यता है। महादेव को समर्पित ऐसा ही एक मंदिर है, जो उनके अराध्य मर्यादा पुरुषोत्तम श्रीरामचंद्र से भी जुड़ा है।

खल्लारी माता मंदिर : निसंतान दंपति की झोली भरती है मां, महाभारत काल से जुड़ा है इतिहास

IANS | April 5, 2026 10:33 PM

नई दिल्ली, 5 अप्रैल (आईएएनएस)। देशभर में कई शक्तिपीठ और सिद्धपीठ मां जगदम्बा के मंदिर के रूप में मौजूद हैं, जहां भक्त अपने कष्टों से मुक्ति के लिए आते हैं। छत्तीसगढ़ के महासमुन्द की पहाड़ी पर ऐसा प्रसिद्ध और चमत्कारी मंदिर है, जहां निसंतान दंपति को संतान सुख मिलता है।