मकर संक्रांति पर तिल और गुड़ का विशेष महत्व क्यों है? आयुर्वेद में छिपा है इसका राज
नई दिल्ली, 14 जनवरी (आईएएनएस)। 14 जनवरी को देशभर के अलग-अलग हिस्सों में विभिन्न पारंपरिक तरीकों से मकर संक्रांति का त्योहार मनाया जा रहा है।
नई दिल्ली, 14 जनवरी (आईएएनएस)। 14 जनवरी को देशभर के अलग-अलग हिस्सों में विभिन्न पारंपरिक तरीकों से मकर संक्रांति का त्योहार मनाया जा रहा है।
नई दिल्ली, 14 जनवरी (आईएएनएस)। हमारा दिल लगातार काम करता रहता है। यह हमारे पूरे शरीर में खून पंप करता है और हमें जिंदा रखता है। जब दिल ठीक से काम करता है, तो हम स्वस्थ महसूस करते हैं, लेकिन अगर इसमें कोई परेशानी आ जाए, तो यह सीधे हमारे पूरे स्वास्थ्य को प्रभावित कर सकती है, इसलिए दिल की बीमारियों का समय पर पता लगाना बेहद जरूरी है।
नई दिल्ली, 14 जनवरी (आईएएनएस)। माघ मास में ठंड सबसे ज्यादा पड़ती है। लिहाजा, शीतजनित रोगों का प्रकोप भी बढ़ जाता है। ऐसे समय में गर्म तासीर वाली तिल का उपयोग धर्म और आयुर्वेद दोनों में बहुत महत्वपूर्ण माना जाता है। मकर संक्रांति, तिल द्वादशी, गणेश चौथ जैसे त्योहारों में तिल से स्नान, दान, पूजा और भोजन करने का विशेष पुण्य मिलता है।
नई दिल्ली, 14 जनवरी (आईएएनएस)। गर्भावस्था महिला के जीवन की एक बहुत संवेदनशील और आनंदमय स्टेज होती है। इस दौरान मां का शरीर केवल अपनी ही नहीं, बल्कि गर्भ में विकसित हो रहे शिशु की जरूरतों को भी पूरा करता है। ऐसे में आहार को लेकर कई सवाल स्वाभाविक रूप से मन में आते हैं- क्या खाना चाहिए, कितना खाना चाहिए और ऐसा कौन-सा भोजन लिया जाए जो मां को ऊर्जा दे तथा शिशु के स्वास्थ्य, सुरक्षा और सही विकास में सहायक हो।
नई दिल्ली, 13 जनवरी (आईएएनएस)। सेहतमंद रहने के लिए बड़े-बड़े बदलावों की जरूरत नहीं, बस छोटी सी आदत काफी है। आयुर्वेद भी ऐसे ही एक छोटे लेकिन बेहद फायदेमंद उपाय की सलाह देता है, जिसे उषापान कहते हैं। सुबह उठकर सबसे पहले खाली पेट गुनगुना पानी पीना। यह आसान तरीका पूरे शरीर के लिए फायदेमंद है।
नई दिल्ली, 13 जनवरी (आईएएनएस)। सर्दियों में मूली को प्राकृतिक सुपरफूड कहा गया है। मूली में मौजूद पोषक तत्व शरीर को ऊर्जा और ताकत देने का काम करते हैं। यह पाचन, इम्युनिटी और त्वचा की सेहत के लिए भी वरदान है। बहुत से लोग सलाद या सूप के रूप में इसका सेवन करते हैं, लेकिन इसके सही तरीके, समय और मात्रा को जानना भी जरूरी है, ताकि इसके स्वास्थ्य लाभ पूरी तरह मिल सकें।
नई दिल्ली, 13 जनवरी (आईएएनएस)। शरीर की साफ-सफाई सिर्फ बाहर से नहीं, बल्कि अंदरूनी तौर पर भी बहुत जरूरी है। इसके लिए महंगे उपायों की जरूरत नहीं। बस हर सुबह उठते ही खाली पेट एक गिलास गुनगुना पानी में ताजा नींबू निचोड़कर पी लें। यह आसान आदत अपनाने से पाचन बेहतर होता है, शरीर डिटॉक्स होता है और सेहत में कई गुना सुधार आता है।
नई दिल्ली, 13 जनवरी (आईएएनएस)। सर्दियों की ठंडी हवा बच्चों की सेहत को सबसे पहले प्रभावित करती है। गले में खराश, नाक बहना, खांसी और थकान, यह सब मौसम में बेहद आम माने जाते हैं। माता-पिता के लिए ऐसे समय में सबसे बड़ा सवाल यही होता है कि बच्चों को ऐसा क्या खिलाया जाए जिससे उनका शरीर अंदर से गर्म भी रहे और बीमारियों से लड़ने की ताकत भी बढ़े।
नई दिल्ली, 12 जनवरी (आईएएनएस)। आजकल की भागदौड़ भरी जिंदगी में ज्यादातर लोग घर या ऑफिस के अंदर ही रहते हैं, एसी और बंद कमरों में समय बिताते हैं। इससे शरीर में विटामिन डी की कमी बहुत आम हो गई है। अच्छी बात यह है कि सुबह की पहली धूप आपके लिए एक नेचुरल एनर्जी बूस्टर का काम करती है।
नई दिल्ली, 12 जनवरी (आईएएनएस)। आयुर्वेद में कई जड़ी-बूटियों का उल्लेख मिलता है, जो अपने गुणों के अनुसार बीमारियों से निजात पाने में मदद करती हैं। किसी जड़ी-बूटी की जड़ तो किसी के पत्ते गुणों से भरे होते हैं। ऐसा ही एक पत्तेदार पौधा कालमेघ है, जिसकी पत्तियां शरीर के हर अंग के लिए फायदेमंद हैं।