रोजाना बच्चों को दूध देना सही है? सही समय और मात्रा जानना भी है जरूरी
नई दिल्ली, 25 दिसंबर (आईएएनएस)। सर्दियों में दूध लेना हर उम्र के लोगों के लिए लाभकारी माना जाता है। सर्दियों के मौसम में दूध के साथ गुड़, खजूर और केसर का भी सेवन किया जाता है।
नई दिल्ली, 25 दिसंबर (आईएएनएस)। सर्दियों में दूध लेना हर उम्र के लोगों के लिए लाभकारी माना जाता है। सर्दियों के मौसम में दूध के साथ गुड़, खजूर और केसर का भी सेवन किया जाता है।
नई दिल्ली, 24 दिसंबर (आईएएनएस)। आज के डिजिटल युग में हमारी याददाश्त पर तकनीक का असर साफ दिख रहा है। पहले हम छोटे-छोटे काम, जैसे किसी नंबर को याद रखना, बच्चों को पहाड़े सिखाना या हाल ही में देखी गई फिल्म को याद करना, आसानी से कर लेते थे। लेकिन अब, स्मार्टफोन, इंटरनेट और एप्स के इस दौर में मस्तिष्क को लगातार सुविधा मिल रही है, जिससे इसकी स्वाभाविक क्षमता धीरे-धीरे कमजोर हो रही है।
नई दिल्ली, 24 दिसंबर (आईएएनएस)। दुनियाभर में बड़ी संख्या में लोग खर्राटों की समस्या से जूझ रहे हैं। आमतौर पर लोग इसे हल्के में ले लेते हैं, लेकिन यह न सिर्फ नींद की गुणवत्ता खराब करते हैं, बल्कि धीरे-धीरे सेहत पर भी असर डालते हैं।
नई दिल्ली, 24 दिसंबर (आईएएनएस)। शिशिर ऋतु यानी दिसंबर से मध्य फरवरी तक का ठंडा मौसम शरीर के लिए चुनौतीपूर्ण होता है। इस समय ठंडी हवाएं चलती हैं और शरीर को सामान्य दिनों से ज्यादा गर्माहट तथा ऊर्जा की जरूरत पड़ती है। ऐसे में सही खान-पान और दिनचर्या का ध्यान रखना बेहद जरूरी हो जाता है। आयुर्वेद बताता है कि शिशिर ऋतु में क्या करें और क्या नहीं।
नई दिल्ली, 24 दिसंबर (आईएएनएस)। आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में सेहत का ध्यान रखना सबसे ज्यादा जरूरी है। मोबाइल, स्क्रीन और बैठकर काम करने की आदत ने शरीर को सुस्त बना दिया है। ऐसे में अगर कोई सबसे आसान और असरदार उपाय है, तो वह है वॉक यानी टहलना। आयुर्वेद में चलने को सेहत के लिए अहम माना गया है, वहीं विज्ञान भी इसे सेहत की नींव मानता है।
नई दिल्ली, 23 दिसंबर (आईएएनएस)। सुबह की अच्छी शुरुआत हमें पूरे दिन के लिए ऊर्जा और ताजगी देती है, इसलिए आयुर्वेद और विज्ञान दोनों का कहना है कि सुबह उठते ही सही आदतें अपनाना बहुत जरूरी है। बहुत से लोग सुबह उठते ही सीधे चाय या कॉफी पी लेते हैं, नाश्ता छोड़ देते हैं, या मोबाइल में बिजी हो जाते हैं। लेकिन, ये आदतें धीरे-धीरे सेहत को नुकसान पहुंचाती हैं।
नई दिल्ली, 23 दिसंबर (आईएएनएस)। सुबह का समय शरीर और मन दोनों के लिए अहम माना जाता है। यही वह समय होता है, जब हमारा शरीर रातभर की सुस्ती से बाहर निकलकर नए दिन के लिए खुद को तैयार करता है। आयुर्वेद के अनुसार, सुबह लिया गया सही पेय न केवल पाचन अग्नि को जगाता है, बल्कि पूरे दिन की ऊर्जा और संतुलन भी तय करता है।
नई दिल्ली, 23 दिसंबर (आईएएनएस)। केवड़ा भारत की पारंपरिक आयुर्वेदिक चिकित्सा में महत्वपूर्ण स्थान रखता है। अपनी अद्भुत सुगंध के साथ ही केवड़ा पूजा में भगवान को भी प्रिय है। यह इत्र शर्बत के साथ ही मिठाइयों में भी इस्तेमाल किया जाता है। केवड़े के औषधीय गुण भी बेहद खास हैं। आयुर्वेद में इसका अहम स्थान है।
नई दिल्ली, 23 दिसंबर (आईएएनएस)। आंखें मानव शरीर का सबसे अनमोल अंग हैं, जिनके जरिए हम दुनिया की खूबसूरती को देखते हैं। लेकिन रोजमर्रा की कुछ लापरवाह आदतें धीरे-धीरे दृष्टि को कमजोर बना सकती हैं। राहत की बात यह है कि समय रहते सतर्क होकर इससे बचाव संभव है।
नई दिल्ली, 23 दिसंबर (आईएएनएस)। सर्दियों का मौसम आते ही कई लोग बहती नाक की समस्या से परेशान हो जाते हैं। ठंडी और सूखी हवा नाक की झिल्ली को सूखा देती है, जिससे शरीर अधिक बलगम बनाकर नाक को नम रखने की कोशिश करता है। इससे नाक बहने लगती है। हालांकि, इससे न कवल सांस लेने में दिक्कत होती बल्कि असहजता भी होती है।