'यह यकीन करना मुश्किल है', सचिन-कोहली ने सर गैरी सोबर्स के निधन पर लिखा भावुक पोस्ट

'यह यकीन करना मुश्किल है', सचिन-कोहली ने सर गैरी सोबर्स के निधन पर लिखा भावुक पोस्ट

नई दिल्ली, 18 जुलाई (आईएएनएस)। वेस्टइंडीज के महान ऑलराउंडर सर गारफील्ड सोबर्स के 89 साल की उम्र में बारबाडोस में निधन के बाद क्रिकेट जगत शोक में डूब गया है। दुनिया भर से उन्हें श्रद्धांजलि दी जा रही है। पूर्व और मौजूदा क्रिकेटर्स ने खेल में सोबर्स के बेमिसाल योगदान को याद किया। सचिन तेंदुलकर और विराट कोहली ने भी सोबर्स को श्रद्धांजलि देते हुए भावुक पोस्ट लिखा है।

सोबर्स के साथ अपने करियर के दौरान कई यादगार पल बिताने वाले सचिन तेंदुलकर ने उनके साथ बने निजी रिश्तों को याद किया। 2003 वनडे वर्ल्ड कप से लेकर लंदन में अपनी आखिरी मुलाकात तक के पलों को याद करते हुए भारत के महान बल्लेबाज ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, "यह यकीन करना बहुत मुश्किल है कि सर गैरी अब हमारे बीच नहीं रहे। मैं उन यादों को याद कर रहा हूं जो हमने वर्षों में साथ बनाई थीं। 2003 वर्ल्ड कप में उनका मुझे 'प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट' की ट्रॉफी देना हो या शतक का मील का पत्थर छूने पर उनकी तारीफ भरे शब्द।"

उन्होंने आगे लिखा, "वह हमेशा बहुत ही विनम्र और अच्छे स्वभाव वाले इंसान रहे। मेरा मन बार-बार उस समय की ओर जाता है जब हम कुछ साल पहले लंदन में मिले थे। हम बस बैठकर खेल के बारे में बातें कर रहे थे, और अब यह बात मुझे बहुत गहराई से महसूस हो रही है कि वह हमारी आखिरी मुलाकात थी। वह सच में बेमिसाल थे। उनकी बहुत याद आएगी। भगवान आपकी आत्मा को शांति दे, सर गैरी।"

सोबर्स ने 2003 वनडे वर्ल्ड कप में भारत के उपविजेता रहने के बाद तेंदुलकर को 'प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट' का अवॉर्ड दिया था। वहीं, सचिन द्वारा इंटरनेशनल क्रिकेट में 'शतकों का शतक' पूरा करने पर भी सोबर्स ने उन्हें सम्मानित किया था।

विराट कोहली ने भी श्रद्धांजलि देते हुए सोबर्स को क्रिकेट की महानतम हस्तियों में से एक बताया, जिनका प्रभाव उनके निधन के बाद भी लंबे समय तक बना रहेगा। उन्होंने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर लिखा, "क्रिकेट ने अपनी महानतम हस्तियों में से एक को खो दिया है। भगवान आपकी आत्मा को शांति दे, सर गारफील्ड सोबर्स। आपकी विरासत पीढ़ियों को प्रेरित करती रहेगी।"

भारत की पूर्व कप्तान मिताली राज ने भी सोबर्स के परिवार और क्रिकेट जगत के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए ऐसी ही भावनाएं जाहिर कीं। उन्होंने लिखा, "सर गारफील्ड सोबर्स के निधन से बहुत दुख हुआ। एक सच्चे दिग्गज जिनकी विरासत पीढ़ियों को प्रेरित करेगी। उनके परिवार और क्रिकेट जगत के प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं। उनकी आत्मा को शांति मिले।"

भारत के ऑलराउंडर शार्दुल ठाकुर ने सुनील गावस्कर के साथ हाल ही में हुई बातचीत को याद करते हुए कहा कि इस महान बल्लेबाज ने सोबर्स के निधन की खबर से कुछ दिन पहले ही उनकी बहुत तारीफ की थी। "मुश्किल से 10 दिन पहले ही मेरी सुनील गावस्कर सर से बातचीत हुई थी, जब उन्होंने सर गारफील्ड सोबर्स का जिक्र किया और उनकी बहुत तारीफ की थी। यह दुख की बात है कि शुक्रवार को हमने उन्हें खो दिया। सर गारफील्ड सोबर्स की आत्मा को शांति मिले, जो एक ओवर में छह छक्के लगाने वाले पहले व्यक्ति थे।"

श्रीलंका के पूर्व कप्तान एंजेलो मैथ्यूज ने सोबर्स को क्रिकेट में बेहतरीन प्रदर्शन का मानक बताया और कहा कि उनका प्रभाव आंकड़ों और रिकॉर्ड से कहीं आगे था। उन्होंने लिखा, "सर गारफील्ड सोबर्स न केवल क्रिकेट के महानतम खिलाड़ियों में से एक थे, बल्कि उन्होंने महानता का मानक भी स्थापित किया। एक ऐसे आइकन जिनका हुनर, विनम्रता और विरासत पीढ़ियों को प्रेरित करती रही है। हमारे इस खूबसूरत खेल को जो कुछ भी आपने दिया है, उसके लिए धन्यवाद सर गैरी।"

क्रिकेट इतिहास के महानतम ऑलराउंडर माने जाने वाले सोबर्स ने बल्लेबाज, गेंदबाज और फील्डर के तौर पर अपनी असाधारण बहुमुखी प्रतिभा से खेल को बदल दिया। उनकी विरासत में टेस्ट क्रिकेट में उस समय का विश्व रिकॉर्ड नाबाद 365 रन बनाना, फर्स्ट-क्लास क्रिकेट में एक ओवर में छह छक्के लगाने वाले पहले क्रिकेटर बनना और एक ऐसे करियर के साथ पीढ़ियों को प्रेरित करना शामिल है जिसने ऑलराउंड उत्कृष्टता को नए सिरे से परिभाषित किया।

--आईएएनएस

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