नई दिल्ली, 18 मार्च (आईएएनएस)। चैत्र नवरात्रि गुरुवार, 19 मार्च से शुरू हो रही है। दिल्ली के प्रसिद्ध कालकाजी मंदिर में इस बार श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा को लेकर विशेष इंतजाम किए गए हैं। मंदिर के महासचिव सिद्धार्थ भारद्वाज ने बताया कि नवरात्रि के दौरान भक्तों के लिए तीन मुख्य एंट्री पॉइंट और चार एग्जिट पॉइंट बनाए गए हैं। इससे भीड़ प्रबंधन आसान होगा और दर्शन में सुविधा रहेगी।
कालकाजी मंदिर में नवरात्रि के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु देवी के दर्शन के लिए आते हैं। इस बार मंदिर प्रशासन ने भीड़ को सुव्यवस्थित रखने और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए हर संभव कदम उठाया है।
मुख्य एंट्री पॉइंट में पहला लोटस टेंपल की तरफ से तो दूसरा राम प्याऊ और तीसरा मोदी मिल यानी ओखला की तरफ से होगा। इसके अलावा, वीआईपी एंट्री राम प्याऊ पार्किंग की तरफ से अलग से बनाई गई है, ताकि वीआईपी श्रद्धालुओं को कोई परेशानी न हो। वहीं, एग्जिट पॉइंट चार हैं, जिनमें राम प्याऊ, लोटस टेंपल, ओखला साइड और महंत परिसर (स्वामीनाथ महंत द्वार) शामिल हैं।
महासचिव सिद्धार्थ भारद्वाज ने बताया कि इस बार जहां से भक्त एंट्री करेंगे, वहीं से वे एग्जिट भी कर सकेंगे। इससे भीड़ का दबाव कम होगा और व्यवस्था सुचारू रहेगी। सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। मंदिर परिसर में 300 से अधिक सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। हर एंट्री-एग्जिट और महत्वपूर्ण पॉइंट पर सीसीटीवी की निगरानी है। एक अलग मॉनिटरिंग रूम बनाया गया है, जहां लगातार नजर रखी जा रही है। दिल्ली पुलिस, अर्द्धसैनिक बल और मंदिर के 400 से 500 वॉलंटियर्स के साथ पर्सनल मार्शल तैनात रहेंगे। हर पॉइंट पर 3-4 लोग खड़े रहेंगे, जो श्रद्धालुओं को कतार में धीरे-धीरे आगे बढ़ाएंगे।
महासचिव ने कहा, “हमारा सिस्टम ऐसा है कि 50 लोगों को रोककर आगे भेजेंगे, फिर अगले 50 को। आगे से मैसेज आएगा कि पहले वाले सुरक्षित पहुंच गए, तब पीछे से भेजेंगे। इससे कंट्रोल बना रहेगा और सभी को आराम से दर्शन होंगे। पुलिसकर्मी एंट्री-एग्जिट, चेकिंग पॉइंट्स और हर महत्वपूर्ण जगह पर मौजूद रहेंगे। वॉलंटियर्स भीड़ प्रबंधन में मदद करेंगे।"
--आईएएनएस
एमटी/डीकेपी