नई दिल्ली, 13 अगस्त (आईएएनएस)। भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) के चेयरमैन चल्ला श्रीनिवासुलु सेट्टी ने कहा है कि बैंक के हालिया विदेशी बॉन्ड निर्गम को भारतीय सार्वजनिक क्षेत्र की संस्थाओं द्वारा जारी बॉन्ड्स में सबसे कम स्प्रेड पर मूल्यांकित किया गया है। उन्होंने इसे भारत की आर्थिक विकास कहानी और एसबीआई की मजबूत साख (क्रेडिट क्वालिटी) पर वैश्विक निवेशकों के बढ़ते भरोसे का प्रमाण बताया।
एसबीआई ने अपनी लंदन शाखा के माध्यम से अंतरराष्ट्रीय बाजार में 50 करोड़ डॉलर (500 मिलियन डॉलर) के रेगुलेशन-एस बॉन्ड सफलतापूर्वक जारी किए हैं। इन बॉन्ड्स पर 5.25 प्रतिशत कूपन दर निर्धारित की गई है।
बैंक के अनुसार, इन बॉन्ड्स का मूल्य निर्धारण अमेरिकी 5-वर्षीय ट्रेजरी बॉन्ड यील्ड के ऊपर केवल 88 बेसिस प्वाइंट्स के स्प्रेड पर किया गया। यह भारतीय सार्वजनिक क्षेत्र के बॉन्ड निर्गमों में आरबीआई के स्वैप विंडो की घोषणा के बाद सबसे कम स्प्रेड में से एक माना जा रहा है।
इस बॉन्ड इश्यू को वैश्विक निवेशकों से जबरदस्त प्रतिक्रिया मिली। निर्गम के लिए कुल 145 निवेशकों से मांग प्राप्त हुई और ऑर्डर बुक बढ़कर 2.46 अरब डॉलर तक पहुंच गई, जो इश्यू आकार का लगभग पांच गुना था।
शुरुआत में एसबीआई ने निवेशकों को अमेरिकी ट्रेजरी प्रतिफल के ऊपर करीब 120 बेसिस प्वाइंट्स का मूल्य संकेत दिया था। हालांकि मजबूत मांग के चलते बैंक अंतिम मूल्य निर्धारण को घटाकर 88 बेसिस प्वाइंट्स तक लाने में सफल रहा। इस प्रकार स्प्रेड में 32 बेसिस प्वाइंट्स की कमी दर्ज की गई, जिससे बैंक की उधारी लागत में उल्लेखनीय बचत हुई।
चल्ला श्रीनिवासुलु सेट्टी ने कहा, "वर्तमान वैश्विक अनिश्चितताओं के बीच 50 करोड़ डॉलर के इस निर्गम का सफल मूल्य निर्धारण एसबीआई के बॉन्ड्स के प्रति मजबूत निवेशक रुचि और अंतरराष्ट्रीय पूंजी बाजारों में बैंक के व्यापक निवेशक आधार को दर्शाता है।"
उन्होंने कहा कि बैंक को दुनिया भर के प्रमुख फिक्स्ड-इनकम निवेशकों से समर्थन मिला, जिससे पूंजी जुटाने की प्रक्रिया अधिक प्रभावी और प्रतिस्पर्धी लागत पर पूरी हो सकी।
एसबीआई चेयरमैन के अनुसार, इस निर्गम का आक्रामक मूल्य निर्धारण यह दर्शाता है कि वैश्विक निवेशक न केवल भारत की दीर्घकालिक आर्थिक संभावनाओं पर भरोसा रखते हैं, बल्कि एसबीआई की वित्तीय मजबूती और क्रेडिट प्रोफाइल पर भी उनका विश्वास बना हुआ है।
सेट्टी ने कहा कि बदलते वैश्विक आर्थिक माहौल के बावजूद हासिल की गई यह कीमत इस बात का संकेत है कि भारतीय संस्थाओं की उधारी लागत को नियंत्रित रखने में निवेशकों का भरोसा महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।
इन बॉन्ड्स को वैश्विक रेटिंग एजेंसियों से निवेश-योग्य रेटिंग प्राप्त हुई है। एसएंडपी ने इन्हें बीबीबी, फिच ने बीबीबी- और केयरएज ग्लोबल ने बीबीबी+/स्टेबल रेटिंग दी है।
बॉन्ड्स को सिंगापुर एक्सचेंज (एसजीएक्स), इंडिया इंटरनेशनल एक्सचेंज (इंडिया आईएनएक्स) और एनएसई इंटरनेशनल एक्सचेंज (एनएसई आईएक्स) पर सूचीबद्ध किया जाएगा।
--आईएएनएस
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