बदलेगा बिलीरुबिन विश्लेषण का तरीका, आईआईटी कानपुर ने तैयार की नई स्ट्रिप
कानपुर, 12 सितंबर (आईएएनएस)। भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान कानपुर (आईआईटीके) ने मानव रक्त/सीरम में बिलीरुबिन के तीन प्रकारों का एक साथ तेजी से विश्लेषण करने की तकनीक तैयार की है। उसने इसे बड़े पैमाने पर निर्माण और बिक्री करने के लिए सेंसा कोर मेडिकल इंस्ट्रुमेंटेशन प्राइवेट लिमिटेड के साथ एक एमओयू पर हस्ताक्षर किए हैं। इसे नेशनल सेंटर फॉर फ्लेक्सिबल इलेक्ट्रॉनिक्स (एनसीफ्लेक्सई), आईआईटी कानपुर में केमिकल इंजीनियरिंग विभाग के प्रोफेसर सिद्धार्थ पाण्डा और डॉ. निशांत वर्मा ने विकसित किया है।