अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो 20 अक्टूबर को पहुंचेंगे मुंबई, छह महीने में दूसरी बार आ रहे भारत

Rubio Visit to India

नई दिल्ली, 19 अक्टूबर (आईएएनएस)। अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रूबियो मंगलवार (20 अक्टूबर) को मुंबई पहुंचेंगे। अपने आधिकारिक दौरे के दौरान वह विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर से मुलाकात करेंगे और मुंबई में आयोजित ‘फ्रीडम 250’ स्वागत समारोह में भी शामिल होंगे।

विदेश मंत्रालय (एमईए) की ओर से जारी शेड्यूल के अनुसार, रूबियो दोपहर 2:15 बजे मुंबई के छत्रपति शिवाजी महाराज अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर पहुंचेंगे। इसके बाद वह शाम 3:40 बजे होटल ताज महल पैलेस स्थित ताज स्मारक पर पुष्पांजलि अर्पित करेंगे।

अमेरिकी विदेश मंत्री शाम 3:50 बजे होटल ताज महल पैलेस में विदेश मंत्री जयशंकर के साथ बैठक करेंगे। इस मुलाकात में भारत-अमेरिका संबंधों से जुड़े मुद्दों पर चर्चा होने की संभावना है। हालांकि, जारी कार्यक्रम में बैठक के एजेंडे का विस्तृत ब्योरा नहीं दिया गया है।

हालांकि पहले विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने पाक्षिक प्रेस ब्रीफिंग में बताया था कि दोनों पक्ष भारत-अमेरिका व्यापक वैश्विक रणनीतिक साझेदारी की समीक्षा करेंगे। ऊर्जा, व्यापार और निवेश, रक्षा, महत्वपूर्ण एवं उभरती प्रौद्योगिकी के साथ ही क्षेत्रीय और वैश्विक घटनाक्रम पर चर्चा होने की संभावना है।

इसके बाद अमेरिकी विदेश मंत्री शाम 6:35 बजे मुंबई के जियो वर्ल्ड कन्वेंशन सेंटर में आयोजित ‘फ्रीडम 250’ स्वागत समारोह में शामिल होंगे। एमईए ने इसे लेकर भी पहले बताया था कि जयशंकर मुंबई समारोह में विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल होंगे।

कार्यक्रम के अनुसार, रूबियो बुधवार, 21 अक्टूबर को सुबह 10:30 बजे मुंबई से जामनगर के लिए रवाना होंगे। उनकी जामनगर यात्रा से संबंधित जानकारी के लिए अमेरिकी दूतावास से संपर्क करने को कहा गया है।

छह महीने में रूबियो का ये दूसरा भारत दौरा है। इससे पहले वो मई में चार दिवसीय दौरे पर आए थे। कोलकाता, आगरा, जयपुर और नई दिल्ली का दौरा किया था। उस यात्रा का मकसद दोनों देशों के बीच रणनीतिक संबंधों को मजबूत करना, क्वाड गठबंधन के तहत सहयोग बढ़ाना और व्यापार, रक्षा तथा ऊर्जा सुरक्षा से जुड़े मुद्दों पर चर्चा करना था।

रूबियो उज्बेकिस्तान से भारत का रुख करेंगे। वो वहां सी5+1 मंत्रिस्तरीय बैठक में शामिल होने के लिए पहुंचे हैं। ये पांच मध्य एशियाई देश उज्बेकिस्तान, कजाकिस्तान, ताजिकिस्तान, तुर्कमेनिस्तान और किर्गिस्तान हैं। रूबियो के मुताबिक, ये देशों के साथ रणनीतिक सहयोग और शांतिपूर्ण भविष्य को बढ़ावा देने के लिए बैठक में शामिल हुए हैं।

--आईएएनएस

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